तेज आंधी की वजह से भोपाल की बिजली सप्लाई सिस्टम फेल हो गया। 350 फीडरों के नेटवर्क से सैकड़ों इलाकों में सप्लाई पर असर पड़ा। जिसे सुधारने में टीमें शुक्रवार सुबह 4.30 बजे तक जुटी रही। वहीं, 10 विशेष टीमें लगी हुई हैं। अफसरों का कहना है कि क्षतिग्रस्त और फॉल्टी हिस्सों को हटाकर लाइनें जोड़ी गई। ताकि, तत्काल राहत मिल सके। आज पूरे हिस्से को दुरुस्त कर रहे हैं।
बता दें कि गुरुवार शाम भोपाल में 70 से 80 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से आंधी चली थी। इससे पूरे शहर में बिजली की सप्लाई पर असर पड़ा। हालांकि, सवाल ये खड़ा होता है कि जब बिजली कंपनी पूरे साल लाइनों का मेंटेनेंस करती है तो फिर पहली ही तेज आंधी में सिस्टम फेल कैसे हो गया?
इसे लेकर बिजली कंपनी के अधीक्षण यंत्री प्रदीप सिंह चौहान का कहना है कि लाइन का मेंटेनेंस किया जाता है। जिसमें लाइन सुधार और पेड़ों की टहनियों को हटाया जाता है। गुरुवार शाम को तूफान इतना तेज था कि बिजली के पोल ही झुक गए थे। कई पेड़ उखड़कर जमींदोज हो गए। टीमें पूरी रात लाइन सुधारने में जुटी रही। सुबह तक बिजली सप्लाई बहाल कर दी गई।
सबसे पहले देखिए आंधी के असर की 3 तस्वीरें…



11 केवी के 350 फीडर पर असर
अधीक्षण यंत्री चौहान ने बताया, आंधी की वजह से शहर के 350 से अधिक 11 केवी फीडर बाधित हुए थे। तुरंत मैदान में टीमें उतारी गईं। क्षतिग्रस्त एवं फॉल्टी हिस्सों को हटाकर लाइनें शुरू की गईं। रात 8.30 बजे 165 फीडर, रात 9.30 बजे तक 66 फीडर की बिजली आपूर्ति बहाल की गई। इसके बाद बचे 11 फीडरों की सप्लाई सुबह 4.30 बजे तक बहाल हो पाई।



आज भी जारी काम
आंधी के कारण 33 केवी एवं 11 केवी लाइनों और निम्नदाब (LT) नेटवर्क के कुछ हिस्सों में बड़े पेड़ गिरे हैं। इससे कंपनी को खासा नुकसान पहुंचा है। इसलिए मरम्मत कार्य जारी है। इसके लिए 10 से ज्यादा टीमें जुटी हुई हैं। कुछ इलाकों में सप्लाई अभी भी प्रभावित है। जहां दोपहर तक बहाल की जाएगी।
लिंक रोड-1, 2 और 3 सबसे ज्यादा प्रभावित
तेज आंधी की वजह से भोपाल में 350 से ज्यादा पेड़ गिर गए। निगम कमिश्नर संस्कृति जैन ने बताया कि लिंक रोड नंबर-1, 2 और 3, तुलसी नगर, कमला पार्क एरिया, पुराने शहर, अटल पथ, जवाहर चौक समेत कई इलाकों में ज्यादा संख्या में पेड़ और उनकी टहनियां गिरी। रात में ही टीमें तैनात हो गई और अधिकांश सड़कों से पेड़ हटा दिए गए थे। वर्तमान में भी टीम जुटी हुई है।


